एजेंसी, नई दिल्ली। ED Raid AAP Leader : प्रवर्तन निदेशालय ने सोमवार को आम आदमी पार्टी के नेता दीपक सिंगला से जुड़े कई ठिकानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई कथित बैंक ऋण धोखाधड़ी और धन शोधन मामले में की गई। अधिकारियों के अनुसार दिल्ली और गोवा में कई परिसरों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया गया, जहां वित्तीय दस्तावेजों और लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। दीपक सिंगला पहले दिल्ली की विश्वास नगर विधानसभा सीट से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार रह चुके हैं। जांच एजेंसी इससे पहले भी वर्ष 2024 में इसी मामले में उनके आवास और अन्य ठिकानों पर कार्रवाई कर चुकी है। फिलहाल इस ताजा छापेमारी को लेकर दीपक सिंगला की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
#WATCH | Delhi: AAP leader Deepak Singla arrested by the ED brought to Rouse Avenue court.
The Enforcement Directorate (ED) conducted a raid at AAP leader Deepak Singla’s residence in an alleged bank fraud case earlier today. pic.twitter.com/WG2BYWlLUA
— ANI (@ANI) May 18, 2026
बैंक लोन धोखाधड़ी मामले में जांच तेज
ईडी अधिकारियों का कहना है कि यह पूरा मामला कथित बैंक लोन धोखाधड़ी और उससे जुड़े धन शोधन नेटवर्क से संबंधित है। जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि कथित तौर पर लिए गए ऋण का इस्तेमाल किन माध्यमों से किया गया और रकम को कहां-कहां ट्रांसफर किया गया। सूत्रों के मुताबिक तलाशी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, डिजिटल रिकॉर्ड और वित्तीय लेनदेन से जुड़े साक्ष्य खंगाले जा रहे हैं। एजेंसी की टीमें बैंक खातों, संपत्तियों और संदिग्ध निवेश से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच कर रही हैं।
180 करोड़ की निवेश धोखाधड़ी मामले में भी कार्रवाई
इसी दौरान प्रवर्तन निदेशालय ने एक अन्य बड़े मामले में भी छापेमारी की है। यह मामला कथित निवेश धोखाधड़ी से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसमें लोगों से करीब 180 करोड़ रुपये की ठगी का आरोप है। जांच एजेंसी ने दिल्ली के सुभाष नगर स्थित बाबाजी फाइनेंस ग्रुप से जुड़े परिसरों पर भी कार्रवाई की। इस मामले में राम सिंह नामक व्यक्ति के ठिकानों पर तलाशी ली गई। अधिकारियों के अनुसार निवेशकों को अधिक मुनाफे का लालच देकर बड़ी रकम जुटाई गई थी और बाद में वित्तीय अनियमितताओं के जरिए धन के इस्तेमाल की आशंका जताई जा रही है।
दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड खंगाल रही एजेंसी
ईडी की टीम कथित वित्तीय गड़बड़ियों से जुड़े दस्तावेजों, बैंक रिकॉर्ड, मोबाइल डाटा और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच कर रही है। एजेंसी यह भी पता लगाने में जुटी है कि निवेशकों से जुटाई गई रकम का इस्तेमाल किन परियोजनाओं या खातों में किया गया। अधिकारियों का कहना है कि जांच अभी शुरुआती चरण में है और आने वाले दिनों में कई और लोगों से पूछताछ की जा सकती है। जरूरत पड़ने पर अन्य शहरों में भी कार्रवाई का दायरा बढ़ाया जा सकता है।
राजनीतिक हलकों में बढ़ी हलचल
ईडी की इस कार्रवाई के बाद राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज हो गई है। विपक्षी दलों और आम आदमी पार्टी के बीच इसे लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। आम आदमी पार्टी पहले भी कई मामलों में केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई को राजनीतिक बदले की भावना से प्रेरित बताती रही है। हालांकि इस मामले में पार्टी की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया जारी नहीं की गई है।
एजेंसी ने नहीं दी विस्तृत जानकारी
प्रवर्तन निदेशालय ने फिलहाल छापेमारी को लेकर विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने और दस्तावेजों की पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। सूत्रों के मुताबिक एजेंसी जल्द ही कुछ लोगों को पूछताछ के लिए नोटिस भी भेज सकती है। फिलहाल दिल्ली और गोवा में की गई इस कार्रवाई को बड़े वित्तीय नेटवर्क की जांच से जोड़कर देखा जा रहा है।


