राजगढ़। दिग्विजयसिंह के गढ़ राजगढ़ में कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा किसानों से सीधा संवाद करने के लिए खाट पंचायत की जाएगी। 150 खाटों पर हर फसल के जानकार किसानों को बैठाकर उनसे राहुल गांधी चर्चा करेंगे। वह किसानों की न केवल समस्याओं को सुनेंगे, बल्कि फसलों के बेहतर पैदावर से जुड़े सुझाव भी लेंगे। खाट पंचायत के लिए कांग्रेस नेताओं द्वारा खाटे एकित्रत करना शुरू कर दिया है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी भारत जोड़ो न्याय यात्रा के तहत 4 मार्च को राजगढ़ जिले में आएंगे। वह सबसे पहले ब्यावरा शहर में रोड शो करेंग। रोड शो के बाद वह पीपल चौराहे पर आमसभा को सम्बोधित करेंगे। ब्यावरा के कार्यक्रम के बाद वह आगरा-मुंबई हाइवे पर करनवास के समीप शेरपुरा गांव पहुंचेंगे। जहां यात्रा रात्रि विश्राम होगा। रात्रि विश्राम के दौरान ही खाट महापंचायत का आयोजन किया जाएगा। जिसमे फसलों के जानकर किसानों से चर्चा करेंगे। खाट पंचायत की तैयारी को लेकर शनिवार को कांग्रेस नेताओं ने रात्रि विश्राम स्थल का मौका मुआयना किया। पूर्व विधायक रामचंद्र दांगी, बापू सिंह तंवर, पुरुषोत्तम दांगी ने तैयारियों का जायजा लिया।
गांव-गांव से एकत्रित करेंगे 150 खाटें
खास बात यह है की खाट महापंचायत के लिए कांग्रेस नेताओं व कार्यकर्ताओं के द्वारा गांव-गांव से खाटें एकत्रित की जाएगी। शेरपुरा, भाटखेड़ी सहित आसपास जितने भी गांव है वहां से खाटे एकत्रित की जा रही है। खाटों का इंतजाम करने की जिम्मेदारी स्थानीय नेताओं व कार्यकर्ताओं को दी है। चार मार्च के शाम के पहले ही उन्हें खाटों का इंतजाम करना होगा, ताकि एन वक्त पर अव्यवस्था न हो। खास बात यह है कि खाट पंचायत की शुरुआत 2017 में राहुल गांधी ने उप्र में की थी. मप्र में अभी तक खाट पंचायत नहीं हुई। पहली बार यहां पर राहुल गांधी खाट पंचायत करने वाले हैं। यह मप्र की पहली खाट पंचायत है। इसमें ही अलग-अलग जिलों के किसानों को बुलाया है।
राजगढ़ सहित पूरे प्रदेश के किसान रहेंगे खाट पंचायत में
खास बात यह है की इस खाट पंचायत में राजगढ़ सहित पूरे प्रदेश के किसानो को शामिल किया जाएगा। 150 खाटों पर प्रत्येक खाट पर दो से तीन किसानों को बैठाया जाएगा। जिसमे आधे किसान राजगढ़ जिले के रहेंगे, जबकि आधे किसान प्रदेश के अलग-अलग जिलों के रहेंगे। इस बैठक में गेंहूं, चना, धनिया, सरसो, मसूर, प्याज, लहसुन, गन्ना व सब्जी उत्पादन से जुड़े किसान मौजूद रहेंगे। किसानों से करीब एक घंटे वह संवाद करेंगे। किसानों से उत्पादन व भाव को लेकर लेकर समस्याएं सुनेंगे। इसके आलावा किसानों के सुझाव भी प्राप्त करेंगे।
दिग्विजय सिंह का गढ़ है राजगढ़
राजगढ़ लोकसभा क्षेत्र का अपना अलग ही महत्व है। यह लोकसभा क्षेत्र कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह का गढ़ है। राजगढ़ संसदीय क्षेत्र में राजगढ़ जिले की पांचों विधानसभा क्षेत्र आते हैं। इसके अलावा दिग्विजय सिंह की गृह विधानसभा राघौगढ़ व चाचौड़ा भी आती है। राघौगढ़ से उनके पुत्र जयवर्धन सिंह तीसरी बार के विधायक हैं, तो चाचौड़ा से उनके अनुज लक्ष्मण सिंह पिछली बार विधायक थे व 2023 के विधानसभा चुनाव में वह हार गए। राजगढ़ से दिग्विजय सिंह स्वयं 1984 व 1991 में सांसद रहे, 1989 में भाजपा के प्यारेलाल खंडेलवाल से चुनाव हार गए थे। इसके बाद उनके अनुज लक्ष्मणसिंह 1994, 96, 98, 99 में कांग्रेस, 2004 में भाजपा से सांसद रहे। 2009 का चुनाव भाजपा में रहते हारे थे। इसलिए इस लोकसभा क्षेत्र का अपना अलग ही महत्व है।


