कटिहार

कटिहार में मौत का तांडव : 5 साल से बिना फिटनेस सड़क पर दौड़ रही बस ने 13 को कुचला, नशे में धुत ड्राइवर ने बरपाया कहर

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एजेंसी, कटिहार। कटिहार सड़क हादसा : बिहार के कटिहार जिले में शनिवार की शाम एक रूह कंपा देने वाली दुर्घटना सामने आई है। नेशनल हाईवे-31 पर कोढ़ा ब्लॉक के पास एक बेकाबू बस ने चंद सेकंडों के भीतर ऐसी तबाही मचाई कि 13 लोगों की जिंदगी पल भर में खत्म हो गई। मरने वालों में 10 महिलाएं और एक छोटी बच्ची भी शामिल है। बताया जा रहा है कि एक ही परिवार के 5 लोगों ने इस हादसे में अपनी जान गंवा दी है। मृतको में से ज्यादातर लोग पूर्णिया के निवासी थे, जो पड़ोसी राज्य झारखंड के एक धार्मिक मेले से भक्ति भाव के साथ अपने घर लौट रहे थे।

नशे की हालत में 100 की रफ्तार और सुरक्षा नियमों की अनदेखी

जांच में इस दुर्घटना को लेकर रोंगटे खड़े कर देने वाले खुलासे हुए हैं। जिस बस ने इस खूनी खेल को अंजाम दिया, वह पिछले 5 वर्षों से अनफिट थी। बस का बीमा, फिटनेस और प्रदूषण प्रमाण पत्र सालों पहले ही खत्म हो चुके थे, फिर भी वह धड़ल्ले से सड़क पर दौड़ रही थी। चश्मदीदों के अनुसार, बस का चालक शराब के नशे में पूरी तरह धुत था और गाड़ी की गति 100 किलोमीटर प्रति घंटे से भी ज्यादा थी। अपनी जान बचाने और भागने की कोशिश में उसने बस की रफ्तार और बढ़ा दी, जिससे पहले एक बाइक और फिर सामने से आ रही पिकअप गाड़ी के परखच्चे उड़ गए।

महज 50 सेकंड में मलबे में तब्दील हुई खुशियां

हादसा इतना भीषण था कि पिकअप में सवार श्रद्धालुओं को संभलने तक का मौका नहीं मिला। चश्मदीदों ने बताया कि टक्कर की आवाज किसी बम धमाके जैसी थी। बस की बॉडी में फंसे शवों और घायलों को निकालने के लिए पुलिस और स्थानीय प्रशासन को क्रेन का सहारा लेना पड़ा और गाड़ियों के लोहे को काटना पड़ा। इस हृदयविदारक घटना के बाद सड़क पर हर तरफ चीख-पुकार और लाशों का ढेर नजर आ रहा था। घायल 27 लोगों का फिलहाल अस्पताल में इलाज चल रहा है, जिनमें से कुछ की हालत नाजुक बनी हुई है।

प्रशासनिक कार्रवाई और मुआवजे की घोषणा

कटिहार के जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी और पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी ने मौके का मुआयना किया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बस पूरी तरह अवैध रूप से सड़क पर चल रही थी और इस मामले में कड़ी कानूनी कार्रवाई के लिए प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। मुख्यमंत्री की ओर से इस भीषण त्रासदी में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया गया है। पुलिस अब फरार चालक की तलाश में जुटी है जिसने अपनी लापरवाही से कई हंसते-खेलते परिवारों को उजाड़ दिया।

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