एजेंसी, नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी के मुख्य संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कथित शराब नीति मामले में आए अदालत के फैसले को भारतीय जनता पार्टी के लिए एक करारा जवाब बताया है। रविवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने आरोप लगाया कि उनकी पार्टी को जड़ से मिटाने के लिए प्रधानमंत्री स्वयं इस पूरे मामले की निगरानी कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों से उन्हें और उनके साथियों को केवल परेशान करने के लिए यह झूठा जाल बुना गया था। शराब नीति से जुड़े मामले में अदालत से दोषमुक्त होने के बाद आयोजित इस रैली में उन्होंने फैसले का स्वागत करते हुए इसे दिल्ली और पूरे देश की जनता की जीत बताया।
केजरीवाल के संबोधन की मुख्य बातें
रैली को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने कहा कि विरोधी दल के नेताओं ने उन पर सौ करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे, लेकिन अदालत ने साफ कर दिया कि यह पूरा मामला ही फर्जी था। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा प्राप्त करने के बाद वे विदेश जा सकते थे, लेकिन उन्होंने देश सेवा का रास्ता चुना। अपने पुराने दिनों को याद करते हुए उन्होंने बताया कि आयकर विभाग की नौकरी के दौरान भी उन्होंने हमेशा ईमानदारी को सर्वोपरि रखा। मुख्यमंत्री बनने के बाद भी उनके विरुद्ध कई जाँचें कराई गईं, लेकिन कुछ भी सिद्ध नहीं हो सका। उन्होंने कांग्रेस और भाजपा दोनों पर निशाना साधते हुए कहा कि बारह वर्षों में ये दल देश को बेहतर सड़कें, पानी और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाएं देने में पूरी तरह विफल रहे हैं।
ये भी पढ़े : शराब नीति मामले में केजरीवाल के दोषमुक्त होने पर अन्ना हजारे की प्रतिक्रिया : बोले- अब राष्ट्र सेवा में समर्पित हों
हनुमान मंदिर में मत्था टेकने पहुंचे दिग्गज नेता
अदालत से राहत मिलने के बाद अरविंद केजरीवाल शनिवार को दिल्ली के कनॉट प्लेस स्थित हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना करने पहुंचे थे। इस दौरान उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल के साथ-साथ वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया और सांसद संजय सिंह भी मौजूद रहे। ज्ञात हो कि राऊज एवेन्यू कोर्ट ने शुक्रवार को सीबीआई से जुड़े इस मामले में केजरीवाल और सिसोदिया सहित तेईस लोगों को बरी कर दिया था।
अन्य मामलों में भी राहत मिलने की उम्मीद
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि सीबीआई द्वारा दर्ज मामले में बरी होने के बाद अब प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) का मामला भी काफी कमजोर हो गया है। कयास लगाए जा रहे हैं कि आने वाले समय में केजरीवाल और अन्य नेताओं को उस मामले में भी बड़ी राहत मिल सकती है।
मैंने जीवन में केवल ईमानदारी और सम्मान कमाया
केजरीवाल ने भावुक होते हुए कहा कि उन्होंने अपनी पूरी जिंदगी में एक पैसा नहीं, बल्कि केवल इज्जत और ईमानदारी कमाई है। उन्होंने कहा कि विरोधियों ने उसी ईमानदारी पर चोट करने के लिए षड्यंत्र रचा, जिससे उनके परिवार को भारी मानसिक पीड़ा हुई। उन्होंने प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को चुनौती देते हुए कहा कि यदि आज दिल्ली में चुनाव करा दिए जाएं और भाजपा की दस से अधिक सीटें आ जाएं, तो वे राजनीति से संन्यास ले लेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि आम आदमी पार्टी के शीर्ष नेताओं को जेल में डालकर भी वे कुछ बिगाड़ नहीं सके, अब केवल जान लेकर ही केजरीवाल को नियंत्रित करने की कोशिश की जा सकती है।


