एजेंसी, अयोध्या। Champat Rai Anil Mishra Resignation : उत्तर प्रदेश के अयोध्या में स्थित श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की एक अत्यंत महत्वपूर्ण और हाई-प्रोफाइल बैठक भारी गहमागहमी के बीच संपन्न हुई। इस बैठक में हुए बड़े फैसलों के तुरंत बाद राम मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पदाधिकारियों द्वारा एक विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया, जिसमें देश के सामने इस संवेदनशील मामले पर हुई कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी साझा की गई। इस बैठक का सबसे बड़ा और मुख्य निर्णय यह रहा कि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और एक अन्य वरिष्ठ सदस्य अनिल मिश्रा द्वारा दिए गए इस्तीफे को सर्वसम्मति के साथ पूरी तरह स्वीकार (मंजूर) कर लिया गया है। इस बड़े प्रशासनिक बदलाव के बाद से ही अयोध्या और देश के धार्मिक-राजनीतिक गलियारों में हलचल काफी तेज हो गई है।
Mumbai, Maharashtra: The Ram Mandir Trust has accepted the resignations of its General Secretary Champat Rai and trustee Anil Mishra. Krishna Mohan has been appointed as the new General Secretary of the Ram Mandir Trust.
Trust member Mahant Dindendra Das Maharaj says, “…The… pic.twitter.com/LBVVckNCZK
— IANS (@ians_india) July 6, 2026
कथित चढ़ावा चोरी का मामला तूल पकड़ने के बाद दिया था इस्तीफा
गौरतलब है कि राम मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा अर्पित किए जाने वाले दान और कथित चढ़ावा चोरी से जुड़ा एक बड़ा विवाद पिछले कुछ समय से लगातार तूल पकड़ रहा था। इस पूरे मामले के सोशल मीडिया और मुख्यधारा की मीडिया में अत्यधिक गंभीर होने के बाद, पिछले महीने ही चंपत राय और ट्रस्ट के सदस्य अनिल मिश्रा ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने-अपने पदों से इस्तीफे की पेशकश कर दी थी। राम मंदिर की शुचिता और पारदर्शिता को बनाए रखने के उद्देश्य से बुलाई गई इस आपातकालीन बैठक में ट्रस्ट के मौजूदा अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास समेत कुल 7 स्थायी सदस्यों ने प्रत्यक्ष रूप से हिस्सा लिया, जिन्होंने गहन मंथन करने के बाद दोनों वरिष्ठ पदाधिकारियों के इस्तीफे को अपनी अंतिम मंजूरी दे दी।
एसआईटी की शुरुआती जांच के आधार पर मुकदमा दर्ज, 8 आरोपी गिरफ्तार
इस संवेदनशील मामले की गहराई से जांच करने के लिए सरकार द्वारा एक विशेष अन्वेषण दल अर्थात एसआईटी का गठन किया गया था। एसआईटी की टीम ने इस कथित वित्तीय अनियमितता और चोरी के आरोपों की प्रारंभिक जांच पूरी करने के बाद स्थानीय पुलिस थाने में एक आधिकारिक मुकदमा दर्ज कराया था। इस कानूनी कार्रवाई के आगे बढ़ते ही पुलिस और जांच एजेंसियों ने त्वरित एक्शन लेते हुए अब तक इस पूरे मामले में संलिप्त कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एसआईटी के अधिकारियों का कहना है कि मंदिर के चढ़ावे से जुड़ी इस बड़ी साजिश की जांच अभी भी बहुत बारीकी से की जा रही है और आने वाले दिनों में कुछ और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।
ताज़ा अपडेट और ब्रेकिंग न्यूज़ के लिए हमारे फेसबुक पेज से जुड़ें और STPV.live के साथ अपडेट रहें


