Mandsaur Accident

दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर काल बनी रफ्तार : अनियंत्रित कार सीधे ट्रक में समाई, महाराष्ट्र के 4 दोस्तों की मौत, 2 अस्पताल में भर्ती

प्रादेशिक मंदसौर मध्‍य प्रदेश

एजेंसी, मंदसौर। Mandsaur Accident : मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले से होकर गुजरने वाले दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर गुरुवार की सुबह एक बेहद दर्दनाक और रूह कंपा देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। यहाँ एक बहुत ही तेज रफ्तार में जा रही अनियंत्रित कार अपने आगे चल रहे एक भारी मालवाहक ट्रक में पीछे से बेहद ताकत के साथ जा घुसी। यह भिड़ंत इतनी भयानक और जोरदार थी कि कार के अगले हिस्से के परखच्चे उड़ गए और वह पूरी तरह से कबाड़ में तब्दील हो गई। इस दर्दनाक हादसे में कार के भीतर सवार महाराष्ट्र के रहने वाले चार लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि दो अन्य लोग बहुत ही गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। स्थानीय पुलिस प्रशासन से मिली जानकारी के मुताबिक यह भीषण एक्सीडेंट गुरुवार की सुबह लगभग 11 बजे एक्सप्रेस-वे पर सीतामऊ थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले तितरोद गांव के समीप घटित हुआ। टक्कर के बाद कार के भीतर चीख-पुकार मच गई और सभी सवारियां गाड़ी के क्षतिग्रस्त हिस्से और मलबे के बीच बुरी तरह से फंस गईं।

छत्रपति संभाजीनगर से दिल्ली व्यापारिक सामान खरीदने जा रहे थे कार सवार लोग

पुलिस की शुरुआती जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के माध्यम से मिली जानकारी के अनुसार, कार में सवार सभी छह लोग मूल रूप से महाराष्ट्र राज्य के छत्रपति संभाजीनगर यानी पूर्व नाम औरंगाबाद क्षेत्र के रहने वाले थे। यह सभी लोग आपस में दोस्त और व्यापारिक साझेदार थे, जो अपनी कार में सवार होकर दिल्ली जा रहे थे। इनका मुख्य उद्देश्य दिल्ली के थोक बाजारों से मोबाइल उपकरणों और इलेक्ट्रॉनिक सामान की खरीदारी करना था। जैसे ही उनकी तेज रफ्तार कार मंदसौर जिले के तितरोद गांव के पास पहुंची, तभी अचानक चालक का नियंत्रण गाड़ी से पूरी तरह हट गया और कार सीधे आगे चल रहे ट्रक के पिछले हिस्से में समा गई। हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि एक्सप्रेस-वे से गुजर रहे अन्य वाहन चालकों और स्थानीय ग्रामीणों को कार का दरवाजा काटने और फंसे हुए लोगों को बाहर निकालने के लिए भारी मशक्कत करनी पड़ी।

टक्कर मारकर ट्रक चालक वाहन छोड़कर हुआ फरार, ग्रामीणों ने शुरू किया राहत कार्य

हादसे के तुरंत बाद का फायदा उठाकर और पकड़े जाने के डर से अज्ञात ट्रक चालक अपने वाहन को उसी हालत में रास्ते पर छोड़कर मौके से तेजी से फरार हो गया। वहां मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों और राहगीरों ने तुरंत ही इस घटना की सूचना स्थानीय सीतामऊ थाना पुलिस और एम्बुलेंस सेवा को दी। पुलिस के पहुंचने से पहले ही जागरूक ग्रामीणों ने मानवता दिखाते हुए तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया और बड़ी मुश्किल से कार में फंसे हुए लहूलुहान लोगों को बाहर निकाला। सभी घायलों और शवों को तुरंत ही पास के सीतामऊ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भिजवाया गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वे मौके से फरार हुए ट्रक चालक के खिलाफ कानूनी मामला दर्ज कर उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रहे हैं और दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को रास्ते से हटाकर एक्सप्रेस-वे का यातायात सुचारू कर दिया गया है।

जिला अस्पताल में घायलों का इलाज जारी और परिजनों के आने पर होगा पोस्टमार्टम

सीतामऊ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद चार लोगों को अस्पताल लाते ही मृत घोषित कर दिया, जबकि दो अन्य लोगों की हालत बेहद नाजुक और चिंताजनक देखते हुए उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद तुरंत ही बेहतर इलाज के लिए मंदसौर जिला अस्पताल रेफर किया गया। अस्पताल प्रशासन के मुताबिक मृतकों की पहचान सचिन गंगाधर, संदीप बोरसे, राजेंद्र कोवडे और रविंद्र काले के रूप में की गई है, जो सभी छत्रपति संभाजीनगर के निवासी थे। इस भीषण हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए अब्दुल खलील और उमर जागीरदार का इलाज फिलहाल मंदसौर के डॉक्टरों की देखरेख में आईसीयू वार्ड में चल रहा है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मृतकों और घायलों के परिजनों को महाराष्ट्र में इस दुखद घटना की आधिकारिक सूचना दे दी है। परिजनों के मंदसौर पहुंचने के बाद ही शवों के पोस्टमार्टम की कानूनी प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा, और तब तक चारों शवों को सुरक्षित रूप से मर्चुरी गृह में रखवाया गया है।

ये भी पढ़े : कान्हा राष्ट्रीय उद्यान में एक महीने के भीतर 8 बाघों की अकाल मृत्यु पर उच्च न्यायालय सख्त : केंद्र और राज्य सरकार से मांगी विस्तृत प्रगति रिपोर्ट

ताज़ा अपडेट और ब्रेकिंग न्यूज़ के लिए हमारे फेसबुक पेज से जुड़ें और STPV.live के साथ अपडेट रहें

Leave a Reply