एजेंसी, लखीमपुर खीरी। Lakhimpur Accident : उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले में सोमवार सुबह भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। पीलीभीत-बस्ती हाईवे पर अदलीसपुर गांव के पास तेज रफ्तार ट्रक और मैजिक वाहन की आमने-सामने टक्कर में 10 लोगों की मौत हो गई। हादसा इतना भयावह था कि कई लोग वाहन की सीटों के बीच फंस गए, जबकि दो यात्री उछलकर सड़क पर जा गिरे। दुर्घटना में सरकारी शिक्षिका, इंजीनियर और कारोबारी समेत कई लोगों की जान चली गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और सड़क पर खून बिखरा नजर आया। जानकारी के अनुसार यह हादसा सुबह करीब साढ़े सात बजे हुआ। मैजिक वाहन लखीमपुर से सिसैया की ओर जा रहा था, तभी सामने से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि वाहन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। कई यात्रियों के सिर फट गए और कुछ लोग वाहन के अंदर बुरी तरह दब गए। स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी।
Deeply pained to hear about a mishap in Lakhimpur Kheri, Uttar Pradesh. My condolences to those who have lost their loved ones. May the injured recover at the earliest.
An ex-gratia of Rs. 2 lakh from PMNRF would be given to the next of kin of each deceased. The injured would be…
— PMO India (@PMOIndia) May 18, 2026
9 लोगों की मौके पर मौत, एक ने अस्पताल में तोड़ा दम
पुलिस और स्थानीय लोगों ने किसी तरह वाहन में फंसे लोगों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक 9 लोगों की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। एक गंभीर रूप से घायल युवक को अस्पताल भेजा गया, जहां रास्ते में उसने भी दम तोड़ दिया। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। खमरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. अमित कुमार सिंह ने बताया कि हादसे में कई शव बुरी तरह कुचल गए थे। अस्पताल लाए गए लोगों में 2 महिलाएं और 7 पुरुष मृत पाए गए थे। एक अन्य घायल को जिला अस्पताल रेफर किया गया था, लेकिन उसकी भी जान नहीं बच सकी।
ट्रक चालक हादसे के बाद फरार
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। खमरिया क्षेत्राधिकारी शमशेर बहादुर सिंह ने बताया कि ट्रक उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के नगला फरीदपुर निवासी शेर सिंह के नाम पर पंजीकृत है। ट्रक में धान की पॉलिश की बोरियां लदी हुई थीं। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में लेकर चालक की तलाश शुरू कर दी है। प्राथमिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि ओवरटेक करने के दौरान यह हादसा हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मैजिक चालक ने संभवतः आगे निकलने की कोशिश की, तभी सामने से आ रहे ट्रक से उसकी सीधी भिड़ंत हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों ने सुनाई हादसे की भयावह कहानी
नया गांव के प्रधान प्रदीप वर्मा ने बताया कि हादसे के बाद का दृश्य बेहद डरावना था। उन्होंने कहा कि मैजिक वाहन पूरी तरह पिचक चुका था और लोग सीटों के बीच फंसे हुए थे। कई लोगों की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। एक युवक तड़प रहा था, जिसे बड़ी मुश्किल से गेट तोड़कर बाहर निकाला गया। इसके बाद उसे एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। स्थानीय लोगों ने बताया कि सड़क पर चारों तरफ खून फैला हुआ था। हादसे के बाद काफी देर तक हाईवे पर यातायात भी प्रभावित रहा। पुलिस ने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहन को सड़क से हटवाया।
मृतकों में शिक्षिका, इंजीनियर और कारोबारी शामिल
हादसे में जान गंवाने वालों में सीतापुर की रहने वाली 44 वर्षीय गायत्री वैश्य भी शामिल थीं, जो बहराइच के मिहींपुरवा क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय में सरकारी शिक्षिका थीं। वह रोज की तरह स्कूल जाने के लिए निकली थीं। वहीं 25 वर्षीय जयवीर सिंह की भी मौत हो गई, जो मुंबई की एक पावर कंपनी में इंजीनियर थे। बताया गया कि उन्होंने हाल ही में नौकरी छोड़ी थी और कतर में नई नौकरी जॉइन करने की तैयारी कर रहे थे। इसके अलावा 54 वर्षीय कारोबारी राजेश गोयल भी हादसे का शिकार हो गए। वह घी, तेल और चीनी सप्लाई का कारोबार करते थे और रिश्तेदारों से मिलकर वापस लौट रहे थे। मृतकों में दो सगे भाई पवन और सोहन भी शामिल हैं। अन्य मृतकों की पहचान अदनान, पप्पू, शहजाद और जुलेखा के रूप में हुई है। एक शव की पहचान अब तक नहीं हो सकी है।
राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री ने जताया दुख
हादसे पर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा शोक व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की गई है। साथ ही घायलों के बेहतर इलाज के निर्देश भी दिए गए हैं। प्रशासन ने कहा है कि हादसे की जांच कराई जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। इस दर्दनाक दुर्घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है और मृतकों के परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है।


