भोपाल| भोपाल में पिता ने अपनी 8 साल की बेटी का मुंह दबाकर गला रेत दिया। इसके बाद मरा समझकर झाड़ियों में फेंक दिया। होश आने पर बच्ची खून से लथपथ सड़क पर पहुंची और मदद मांगी। इसके बाद पुलिस ने घायल बच्ची को अस्पताल पहुंचाया। घटना कोहेफिजा इलाके में मिलन शादी हॉल के पास सोमवार रात 10 बजे की है। पुलिस ने हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपी ने सोचा गला कटने से मर जाएगी : सहायक उप निरीक्षक राम प्रकाश ने बताया कि बच्ची के पिता का नाम तेज सिंह लोधी है। वह उसे बड़े पापा के घर चलने का कहकर घर से ले गया था। मिलन शादी हॉल के पास उसने वारदात को अंजाम दिया। आरोपी ने सोचा कि गला कटने से बेटी मर जाएगी। लेकिन, होश में आते ही बच्ची झाड़ियों से उठकर सड़क पर आ गई। बच्ची के गले से खून बह रहा था। वहां उसने मदद मांगी। इसके बाद पुलिस को सूचना मिली।
आरोपी की पहली पत्नी की बेटी है बच्ची : थाना प्रभारी ब्रजेंद्र मर्सकोले ने बताया कि अभी आरोपी से पूछताछ जारी है। उसने बताया है कि वह बच्ची से बहुत परेशान था, वह दिन भर उसे परेशान करती थी। कहना नहीं सुनने पर उसने घटना को अंजाम दिया। फिलहाल कारण अभी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हुआ है। बच्ची लोधी तेज सिंह की पहली पत्नी की बेटी है। तेज सिंह टेंट हाउस पर काम करता है। टीला जमालपुर में किराए के एक मकान में रहता है, मूलत: सागर जिले का रहने वाला है।
बच्ची अभी हमीदिया में एडमिट : घायल बच्ची हमीदिया अस्पताल में भर्ती है। उसके साथ उसकी मां मौजूद है। मां और बच्ची का कहना है कि अंधेरा हो रहा था, पापा ने गाड़ी रोकी। इसके बाद पीछे से कोई आया और उसने मुझे पैसे दिए और मेरा गला काट दिया। हालांकि रात को दिए गए बयान में बच्ची ने पिता को ही आरोपी बताया था। उसने पुलिस को बताया था कि पिता ने ही उसका गला काटा। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है।
बच्ची को 8 टांके लगाए : बच्ची की चोट ज्यादा गहरी नहीं है। उसकी कंडीशन स्टेबल है। घाव ज्यादा गहरा नहीं था। किसी तरह की कोई नस भी नहीं कटी है। उसे 8 टांके लगाए हैं। 2 से 3 दिन बच्ची को भर्ती रखा जाएगा। अभी यही कहा जा सकता है कि उसकी कंडीशन स्टेबल है।
डॉ. यशवीर जेके , एसोसिएट प्रोफेसर-ईएनटी, जीएमसी भोपाल


