हैदराबाद में फर्जी कॉल सेंटर का पर्दाफाश, 9 गिरफ्तार : ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों से ₹10 करोड़ ठगे ; 12 कंप्यूटर, 7 मोबाइल और चेक बुक जब्त

तेलंगाना देश/प्रदेश राष्ट्रीय

एजेंसी, हैदराबाद। हैदराबाद की साइबराबाद साइबर क्राइम पुलिस ने शनिवार को ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों से करीब 10 करोड़ रुपए की ठगी करने वाले फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया। पुलिस ने छापेमारी कर 9 आरोपियों को गिरफ्तार भी किया। पुलिस का कहना है कि फ्रॉड रैकेट के मास्टरमाइंड प्रवीण और प्रकाश फरार हैं और उनकी तलाश जारी है। डीसीपी ने बताया कि यह कॉल सेंटर माधोपुर की अयप्पा सोसाइटी में रिज आईटी सॉल्यूशन के नाम से चल रहा था। एसओटी बालानगर और साइबर क्राइम टीम ने 12 कंप्यूटर और 45 ऑस्ट्रेलियाई बैंक खातों का डेटा जब्त किया।

साइबर फ्रॉड की प्रोसेस…
पुलिस के मुताबिक 2024 में रिज आईटी सॉल्यूशन नाम से ऑफिस खोला गया लेकिन असली काम विदेशी नागरिकों से साइबर ठगी करना था। इसके लिए कोलकाता से सात टेलीकॉलर बुलाकर हैदराबाद में रखे गए और उन्हें ऑस्ट्रेलियाई लहजे में बोलने की ट्रेनिंग दी गई। ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों को नकली पॉप-अप और ईमेल भेजे जाते, जिनमें लिखा होता कि उनके कंप्यूटर में वायरस है, तुरंत कस्टमर केयर नंबर पर कॉल करें। कॉल आते ही उसे एक्स-लाइट ऐप के जरिए फर्जी कॉल सेंटर में ट्रांसफर कर दिया जाता था और जहां स्कैमर्स पीड़ितों से बात करते थे। स्कैमर्स पीड़ितों को डराकर एनीडेस्क डाउनलोड कराते। रिमोट एक्सेस लेकर सिस्टम कंट्रोल में लेते और बैंकिंग जानकारी चुराकर रकम ऑस्ट्रेलिया के खातों में भेज देते। ये खाते भारतीयों के नाम पर खोले गए थे। ऑस्ट्रेलिया में जमा राशि हवाला और क्रिप्टो के जरिए भारत भेजी जाती थी। पुलिस को दो साल में करोड़ों आने का शक है।

पुलिस को स्टूडेंट्स पर बैंक जानकारी बेचने का शक
पुलिस ने बताया कि कुछ भारतीय छात्रों और एनआरआई के नाम पर ये खाते खोले गए, जिनमें से कुछ ने अपनी बैंक जानकारी बेची हो सकती है, लेकिन पुष्टि बाकी है। साइबराबाद पुलिस ने लोगों को चेताया कि विदेशी बैंक अकाउंट या उसकी जानकारी किसी के साथ साझा न करें, क्योंकि ऐसे अकाउंट साइबर फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग में उपयोग होते हैं। पुलिस ने नागरिकों से अपील किया कि फर्जी कॉल सेंटर या साइबर ठगी से जुड़ी किसी भी जानकारी को हेल्पलाइन नंबर- 1930, वॉट्सऐप नंबर- 9490617444 पर शेयर करें। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।

Leave a Reply