भोपाल। मध्य प्रदेश में लोकसभा की 29 सीटों पर चुनाव हो चुके हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने बुधवार को भोपाल में दावा किया कि पार्टी प्रदेश में इस बार दो अंकों में पहुंचेगी। पूरा चुनाव पार्टी ने एकजुटता के साथ लड़ा। कार्यकर्ता ने भाजपा के भय, लालच के साथ प्रशासन के साथ मुकाबला किया। मोदी गारंटी यानी झूठ की गारंटी है और यह जनता समझ चुकी है। प्रदेश संगठन में भी जल्द ही बदलाव नजर आएगा। साथ ही यह भी कहा कि भाजपा को दोष देना ही ठीक नहीं है। हम चार बार से हार रहे हैं तो कुछ कमियां हममें भी होंगी, उन्हें दूर करेंगे।
प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित पत्रकारवार्ता में पटवारी ने कहा कि इंदौर और खजुराहो में भाजपा ने लोकतंत्र का अपहरण किया है। चाैथे चरण का चुनाव आते-आते तक भाजपा ने सभी 29 सीटें जीतने की बात कहना बंद कर दी। पूरे चुनाव में अपने घोषणा पत्र और गारंटियों की कोई बात नहीं की। केवल आपस में लड़ाने की बात करते रहे। सबके अलग-अलग तर्क हैं पर मेरा ऐसा मानना है कि परिणाम सबको चौकाएंगे। प्रदेश में कांग्रेस दो अंकों में पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में कोई बिखराव नहीं है। विधानसभा चुनाव हारने के बाद सब एकजुट हुए और पूरी ताकत के साथ कार्यकर्ताओं ने चुनाव लड़ा।
कांग्रेस छोड़ने वालों को भाजपा के मंच पर नहीं मिल रहा स्थान
जो लोग पार्टी छोड़कर चले गए हैं, वे अब भाजपा के मंच पर भी नजर नहीं आएंगे। उनको उनका साथ ही मुबारक हो। पार्टी छोड़कर जाने वालों को लेकर पार्टी की रणनीति तैयार की जाएगी। मुख्यमंत्री यादव को लेकर उन्होंने कहा कि सौ दिन में पता नहीं क्या-क्या करने का वादा किया था पर कानून व्यवस्था की स्थिति क्या है, ये स्वयं देख लें। उज्जैन में ही 13 घटनाएं हो चुकी हैं। माफिया के हौसले इतने बुलंद हैं कि अब तो पुलिस पर ही हमले होने लगे हैं। इनसे निपटने के स्थान पर मुख्य विपक्ष दल के नेता किसी पीड़ित के घर चले जाते हैं तो गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज करवा दिए जाते हैं। प्रत्येक विभाग में एक वर्ग सक्रिय हो गया है जो यह दावा करता है कोई भी काम हो हम करवा देंगे। इसको लेकर जल्द ही पार्टी सूची जारी करेगी।
भाजपा से जुड़ा है व्यक्ति इसलिए नहीं चला बुलडोजर
पटवारी ने आरोप लगाया कि भोपाल के एक स्कूल में बच्ची के साथ बड़ी घटना हो गई। चूंकि, संबंधित व्यक्ति भाजपा से जुड़ा है इसलिए बुलडोजर नहीं चला। कोई और होता तो उसका घर टूट चुका होता। यही इनकी कथनी और करनी का अंतर है जो जनता समझ चुकी है। विधानसभा चुनाव के समय महिलाओं को तीन हजार रुपये तक देने का वादा किया था। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज ने अपने चुनाव के दौरान विदिशा में इसका उल्लेख तक नहीं किया और अन्य प्रांतों में जाकर भाषण दे रहे हैं।


