एजेंसी, इंदौर। प्रदेश में बनने वाले शासकीय चिकित्सालय भवनों में गर्भ संस्कार कक्ष बनाए जाएंगे। चिकित्सा विश्वविद्यालयों और उनसे जुडे़ महाविद्यालयों में गर्भ संस्कार के अध्ययन अध्यापन की व्यवस्था की जाएगी। यह बात मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कही। वे आज इंदौर के डेली कॉलेज में दिव्य संतान प्रकल्प के कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले सीएम ने गर्भ संस्कार पुस्तक का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे संबंधित गजट नोटिफिकेशन शीघ्र ही किया जाएगा। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में परंपरा और विज्ञान कभी अलग-अलग नहीं रहे। हमारे 16 संस्कार केवल धार्मिक व्यवस्था नहीं बल्कि जीवन को संतुलित, स्वस्थ और मूल्यवान बनाने की वैज्ञानिक पद्धति है। गर्भ में पल रहे शिशु को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से संस्कारित करना ही गर्भ संस्कार है। डॉ. यादव तय समय पर डेली कॉलेज इंदौर पहुंचे। दिव्य संतान प्रकल्प के कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री प्रबुद्धजनों से मुलाकात करेंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री स्थानीय कार्यक्रमों में शामिल होंगे और दोपहर करीब 3 बजे भुज (गुजरात) के लिए रवाना होंगे।


