आदिम जाति कल्याण विभाग के डिप्टी कमिश्नर के घर छापा
डिप्टी कमिश्नर जगदीश प्रसाद सर्वटे के घर मिली बाघ की खाल
वन विभाग की टीम ने खाल किया जब्त
एजेंसी, जबलपुर| मध्य प्रदेश में ईओडब्ल्यू की टीम ने आदिम जाति कल्याण विभाग के डिप्टी कमिश्नर जगदीश प्रसाद सर्वटे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. ईओडब्ल्यू की तीन टीमों ने एक साथ भोपाल, जबलपुर और सागर में सर्वटे के छह ठिकानों पर छापे मारे. अब इस मामले में फिर एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. ईओडब्ल्यू की टीम को डिप्टी कमिश्नर के घर बाघ की खाल मिली है. जानकारी मिलती ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और खाल को जब्त कर लिया. ट्राइबल डिप्टी कमिश्नर के पास बाघ की खाल कैसे पहुंची, वन विभाग की टीम इसकी जांच में जुट गई है. ईओडब्ल्यू की शुरुआती जांच में ₹5.89 करोड़ से ज्यादा की प्रॉपर्टी का खुलासा हुआ है. सरकारी सूत्रों ने बताया है सरकारी अफसर के ठाठ देखकर कोई भी चौंक सकता है. अभी जांच में और भी खुलासे होने बाकी हैं. जांच टीम बैंक खाते, बेनामी संपत्ति, घर से बरामद दस्तावेजों की जांच में जुटी हुई है.
जांच में मिले आलीशान बंगले और फ्लैट्स
ईओडब्ल्यू की रिपोर्ट के मुताबिक जबलपुर के आधारताल क्षेत्र में 3,300 वर्गफुट में फैला एक आलीशान मकान मिला है, जिसकी कीमत करीब 1.25 करोड़ आंकी गई है. भोपाल के पॉश इलाके बाग मुगलिया में 2 मकान और एक फ्लैट भी सर्वटे के नाम पर हैं. इसके अलावा होशंगाबाद रोड पर एक और फ्लैट और सर्वटे की माता के नाम पर ₹10 लाख मूल्य की अचल संपत्ति मिली है. एक प्लॉट उनके भाई के नाम पर भी दर्ज पाया गया है, जिसकी जांच की जा रही है कि वह किस सोर्स से खरीदा गया. सभी संपत्तियों के दस्तावेज ईओडब्ल्यू ने जब्त कर लिए हैं. ईओडब्ल्यू अधिकारियों ने बताया कि छापे के दौरान सर्वटे की संपत्तियों से जुड़े सभी दस्तावेज, बैंक लेन-देन, बीमा निवेश और प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन रिकॉर्ड जब्त कर लिए गए है. टीम यह मैच कर रही है कि इतनी संपत्ति और नकदी उनके घोषित आय स्रोतों से मेल खाती है या नहीं. प्रारंभिक तौर पर यह साफ हो चुका है कि डिप्टी कमिश्नर की आय और उनकी संपत्ति में बड़ा अंतर है. आने वाले दिनों में सभी बैंक खातों, निवेशों और संपत्तियों के मूल स्रोत की फॉरेंसिक जांच की जाएगी.


