एजेंसी, नई दिल्ली। टोल नाकों पर विवाद और मारपीट की घटनाएं होने की बात स्वीकार करते हुए सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने बुधवार को कहा कि अब यहां कैमरे लगने के कारण कोई व्यक्ति नहीं रहेगा, जिससे विवाद की आशंका समाप्त हो जाएगी। गडकरी ने राज्यसभा में पूरक प्रश्नों के जवाब में यह बात कही। उन्होंने कहा, ‘‘अभी कोई व्यक्ति नहीं खड़ा रहेगा टोल नाकों पर। कोई रोकेगा नहीं, कोई टोकेगा नहीं, कोई झगड़ेगा नहीं, कोई गुंडागर्दी नहीं।’’

उन्होंने कहा कि वहां कैमरा काम करेगा और एक प्रकार से यह समस्या समाप्त हो जाएगी। भारतीय जनता पार्टी के लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने उनसे प्रश्न पूछा कि टोल नाकों पर होने वाली हिंसक घटनाओं और झगड़ों को रोकने के लिए क्या उपाय किए गए हैं? इसके जवाब में गडकरी ने स्वीकार किया कि टोल नाकों पर पहलवान और विशेष तरह के लोग रहते थे। उन्होंने स्वीकार किया कि ऐसे लोग, ‘‘गुंडागर्दी करते थे, जबरदस्ती करते थे, लाठियां मारते थे, अपमानजनक व्यवहार करते थे…यह सच है। अब इन सब की छुट्टी हो जाएगी। अब कोई दिखेगा नहीं, आप चिंता मत करिए।’’ गडकरी ने टैग योजना के बारे में पूछे गये एक प्रश्न के उत्तर में कहा कि देश में करीब एक हजार टोल नाके हैं जहां पहले नकदी से लेनदेन होता था और फिर फास्ट टैग व्यवस्था शुरू की गयी। उन्होंने कहा कि अब मल्टी लेयर व्यवस्था की शुरुआत हो रही है। उन्होंने कहा कि इस नयी व्यवस्था के लिए दस अनुबंध दिये गये हैं और दस अभी प्रक्रियागत हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने तय किया है कि दिसंबर 2026 तक पूरे देश में यह व्यवस्था लागू कर दी जाएगी। परिवहन मंत्री ने कहा कि फास्ट टैग से संबंधित धोखाधड़ी के 6,725 मामले सामने आये हैं। उन्होंने कहा कि अभी सरकार ने ‘एक वाहन, एक फास्ट टैग’ की नीति शुरू की है, फिर इसमें नंबर प्लेट को भी जोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि इस नयी नीति के कारण किसी वाहन के लिए फास्ट टैग लेना और उससे कोई अन्य वाहन टोल से निकल जाने की घटनाएं बहुत ही कम हो गयी हैं।
मुंबई समेत बड़े शहरों में रेलवे स्टेशनों की क्षमता बढ़ाने का काम तेजी से चल रहा है: वैष्णव
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को कहा कि मुंबई समेत देश के अन्य बड़े शहरों में रेलवे स्टेशनों की क्षमता बढ़ाने का काम बहुत तेजी से चल रहा है। वैष्णव ने लोकसभा में प्रश्नकाल में कहा कि मुंबई के लिए 238 नई रेलगाड़ियों की खरीद की प्रक्रिया जारी है जो ‘ऑटो डोर क्लोज’ सुविधा वाली होंगी। उन्होंने महाराष्ट्र के पालघर से भाजपा सांसद हेमंत विष्णु सवरा के पूरक प्रश्नों का उत्तर देते हुए मुंबई शहर के और उसके आसपास के विभिन्न स्टेशनों-पालघर, पनवेल, बांद्रा, जोगेश्वरी, लोकमान्य तिलक टर्मिनस, परेल और कल्याण में प्लेटफॉर्म की संख्या बढ़ाने, लंबाई बढ़ाने आदि की जानकारी विस्तार से दी। वैष्णव ने कहा, ‘‘देश में अमृत भारत योजना में जितने भी स्टेशन लिए गए हैं, उन पर काम तेजी से चल रहा है।”
उन्होंने इस योजना के तहत रेलवे स्टेशनों के पुनर्निर्माण को जटिल कार्य बताते हुए कहा कि कई देशों में स्टेशनों के पुनरुद्धार के लिए तीन-चार साल तक रेल यातायात रोक दिया जाता है। वैष्णव ने एक अन्य पूरक प्रश्न के उत्तर में कहा, ‘‘लेकिन भारत में, जहां 7.5 करोड़ लोग ट्रेनों से यात्रा करते हैं, रेल यातायात रोकना संभव नहीं है। भारत में रेल यातायात रोके बिना स्टेशन पुनर्निर्माण का काम करना बहुत जटिल है।” सरकार के अनुसार अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देश में अब तक, 1,337 स्टेशनों को पुनर्निर्माण के लिए चिह्नित किया गया है और अब तक 155 स्टेशनों पर काम पूरा हो चुका है।
पूर्व सांसद वेदांती के निधन पर लोकसभा ने शोक जताया
लोकसभा ने अपने पूर्व सदस्य राम विलास वेदांती के निधन पर बुधवार को उन्हें श्रद्धांजलि दी। सदन की बैठक शुरू होने पर अध्यक्ष ओम बिरला ने पूर्व सांसद डॉ राम विलास वेदांती के निधन की सूचना दी। सभा ने कुछ पल मौन रखकर दिवंगत पूर्व सदस्य को श्रद्धांजलि दी। वेदांती उत्तर प्रदेश के मछलीशहर संसदीय क्षेत्र से 11वीं लोकसभा के और प्रतापगढ़ से 12वीं लोकसभा के सदस्य रहे। गत 15 दिसंबर को मध्य प्रदेश के रीवा में उनका निधन हो गया।
रास में भाजपा के एक सदस्य ने की करदाताओं को प्रोत्साहन देने की मांग
राज्यसभा में बुधवार को भारतीय जनता पार्टी के एक सदस्य ने करदाताओं को प्रोत्साहन देने तथा उनके लिए एक सुनियोजित नीति बनाने की मांग की ताकि अधिक संख्या में करदाता कर देने के लिए आगे आएं और देश के विकास में योगदान दे सकें। शून्यकाल में यह मुद्दा उठाते हुए भाजपा के गोविंदभाई लालजीभाई ढोलकिया ने कहा कि भारत आज दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना है तो इसके पीछ़े करोड़ों ईमानदार आयकर दाताओं की सक्रिय भागीदारी है। उन्होंने कहा कि ये करदाता केवल राजस्व ही नहीं देते बल्कि ये लोग निवेश, रोजगार, उत्पादन को भी गति देते हैं।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2024-25 में सात करोड़ से अधिक करदाताओं का समय पर आयकर दाखिल करना, देश में बढ़ते कर अनुशासन का प्रमाण है। इसे देश के विकास में यह अहम योगदान बताते हुए ढोलकिया ने कहा कि इसके लिए वित्त मंत्री निश्चित रूप से बधाई की पात्र हैं। उन्होंने कहा कि विश्व के कुछ प्रमुख देशों में करदाताओं को कई प्रकार की सुविधाएं एवं सम्मान दिया जाता है लेकिन भारत में ऐसा नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर करदाताओं को कुछ प्रोत्साहन दिया जाए तो अधिक संख्या में ऐसे लोग आगे आएंगे तथा देश के विकास में योगदान देंगे। ढोलकिया ने कहा कि अधिक कर देने वालों को उसी तरह सुविधाएं दी जानी चाहिए जैसी सुविधाएं अतिविशिष्ट हस्तियों को दी जाती हैं। उन्होंने मांग की कि करदाताओं के सम्मान एवं अधिकारों को लेकर एक सुनियोजित नीति भी बनाई जानी चाहिए।
विपक्षी सांसदों ने राज्यों के बकाया और प्रदूषण के मुद्दे पर राज्यसभा में ध्यानाकर्षण नोटिस दिए
राज्यसभा के कई विपक्षी सदस्यों ने केंद्र की ओर से राज्यों को दिए जाने वाले अनुदान और प्रदूषण के मुद्दे पर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के लिए नोटिस दिए हैं। एक सूत्र ने यह जानकारी दी। सूत्र के अनुसार, सोमवार को कार्य मंत्रणा समिति की बैठक के दौरान सांसदों ने जिक्र किया कि शीतकालीन सत्र में अब तक कोई ध्यानाकर्षण प्रस्ताव नहीं लिया गया है। विपक्ष के एक सदस्य ने कहा, “विपक्ष के कई सदस्यों ने राज्यों के लिए अनुदान और प्रदूषण के मुद्दे पर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव नोटिस दिए हैं। हमें नोटिस स्वीकार किए जाने और चर्चा होने की उम्मीद है।” सरकार का ध्यान आकर्षित करने के लिए सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पेश किया जाता है।
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