एजेंसी, नई दिल्ली। विदेश मंत्रालय ने कहा है कि पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर द्वारा अमेरिकी धरती से दी गई परमाणु धमकी से पता चलता है कि पड़ोसी देश ऐसे हथियारों के मामले में एक ‘‘गैर-जिम्मेदार’’ देश है, पाकिस्तान में परमाणु हथियारों के सरकार से इतर तत्वों के हाथों में पड़ जाने का वास्तविक खतरा है। सूत्रों ने कहा कि मुनीर की टिप्पणी इस बात का लक्षण है कि उस देश में लोकतंत्र मौजूद नहीं है। फ्लोरिडा के टाम्पा में पाकिस्तानी प्रवासियों को संबोधित करते हुए मुनीर ने कथित तौर पर परमाणु हमले की धमकी देते हुए कहा था कि भविष्य में भारत के साथ युद्ध में उनके देश के अस्तित्व को खतरा हो सकता है। मीडिया में आईं खबरों में पाकिस्तानी सेना प्रमुख के हवाले से कहा गया, ‘‘हम एक परमाणु राष्ट्र हैं। अगर हमें लगता है कि हम नीचे जा रहे हैं, तो हम अपने साथ आधी दुनिया को भी नीचे ले जाएंगे।’’ सूत्रों ने कहा कि मुनीर की टिप्पणी पाकिस्तान में एक चलन का हिस्सा है, क्योंकि जब भी अमेरिका पाकिस्तानी सेना का समर्थन करता है, तो वह हमेशा अपनी आक्रामकता का असली रंग दिखाता है। उन्होंने कहा कि यह इस बात का लक्षण है कि पाकिस्तान में लोकतंत्र नहीं है और वहां की सेना ही देश को नियंत्रित करती है। इस बीच, एक सूत्र ने यह भी कहा, ‘‘अमेरिका के स्वागत और स्वागत से गदगद होकर, अगला कदम संभवतः पाकिस्तान में एक मौन या खुला तख्तापलट हो सकता है, ताकि फील्ड मार्शल (पाकिस्तानी सेना प्रमुख) को राष्ट्रपति की कुर्सी मिल जाए।’’
पाकिस्तानी सेना प्रमुख की गीदड़भभकी, भारत के खिलाफ परमाणु युद्ध की दी धमकी
पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर ने अमेरिकी धरती पर दिए गए एक भाषण में भारत को परमाणु युद्ध की धमकी देते हुए चेतावनी दी है कि अस्तित्व का खतरा पैदा होने पर पाकिस्तान “आधी दुनिया को तबाह कर देगा” । फ्लोरिडा के टैम्पा में व्यवसायी और मानद वाणिज्य दूत अदनान असद द्वारा आयोजित एक रात्रिभोज में बोलते हुए सेना प्रमुख ने कहा, “हम एक परमाणु संपन्न राष्ट्र हैं। अगर हमें लगता है कि हम बर्बाद हो रहे हैं तो हम आधी दुनिया को बर्बाद कर देंगे।” सोशल मीडिया पर वायरल एक समाचार की मानें तो अमेरिका की धरती से मुनीर ने भारतीय उद्योगपति मुकेश अंबानी को भी धमकी देने की बात सामने आ रही है, हालांकि यह धमकी अप्रत्यक्ष रूप से बताई जा रही है। रिपोर्टों के अनुसार अमेरिकी धरती से किसी तीसरे देश के खिलाफ परमाणु युद्ध के लिये दी गई उनकी यह पहली परमाणु धमकी हैं। फील्ड मार्शल मुनीर अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) के कमान परिवर्तन समारोह में भाग लेने के लिए टाम्पा में हैं। दो महीने से भी कम समय में यह उनकी अमेरिका की दूसरी यात्रा है जो अमेरिका-पाकिस्तान के बीच नए सैन्य संबंधों का संकेत है। इससे क्षेत्र में अमेरिकी मंशा को लेकर भारत में गंभीर सवाल उठ रहे हैं। ऐसा अमेरिका और भारत के बीच बढ़ते व्यापारिक तनाव के बीच और महत्वपूर्ण हो जाता है। फील्ड मार्शल मुनीर ने सिंधु नदी के चैनलों पर भारत द्वारा बनाए जाने वाले किसी भी बुनियादी ढांचे को नष्ट करने की भी धमकी भी दी। उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसी योजनाओं से पाकिस्तान की जल आपूर्ति बाधित हो सकती है।
गौरतलब है कि 22 अप्रैल के पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद सिंधु जल संधि को निलंबित करने के भारत के फैसले का जिक्र करते हुए उन्होंने दावा किया कि इस कदम से 25 करोड़ पाकिस्तानियों को भुखमरी का खतरा हो सकता है। उन्होंने कथिततौर पर कहा “हम भारत द्वारा बांध बनाने का इंतजार करेंगे और जब वह ऐसा करेगा तो हम उसे 10 मिसाइलों से नष्ट कर देंगे। सिंधु नदी भारतीयों की पारिवारिक संपत्ति नहीं है। हमें मिसाइलों की कमी नहीं है। अल-हम्दुलिल्लाह (हमारे पास मिसाइलों की कोई कमी नहीं है, अल्लाह की स्तुति हो)”। अपनी पिछली यात्रा के दौरान उन्होंने 18 जून को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ व्हाइट हाउस में दोपहर भोज में भाग लिया था और विवादास्पद रूप से अमेरिकी राष्ट्रपति को नोबेल शांति पुरस्कार देने का सुझाव दिया था। इसे उन्होंने फ्लोरिडा में भी दोहराया था। टैम्पा में हुए इस कार्यक्रम में लगभग 120 पाकिस्तानी प्रवासी शामिल हुए थे। कार्यक्रम में इज़राइली रक्षा बलों का एक प्रतिनिधि भी मौजूद था। गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले में 26 भारतीय मारे गए थे जिसके बाद से भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव और सैन्य संकट बढ़ गया है। भारत ने 07 मई को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया जिसके तहत पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर में नौ आतंकवादी ठिकानों पर मिसाइल और हवाई हमले किए गए। परमाणु हथियारों से लैस प्रतिद्वंद्वियों के बीच चार दिनों तक चले इस संघर्ष में ड्रोन युद्ध, तोपखाने से गोलाबारी और जवाबी हमलों सहित गंभीर सैन्य कार्रवाई हुईं।


