18 जून को देशभर में हुई यूजीसी नेट परीक्षा रद्द, सीबीआई को सौंपा गया मामला

नई दिल्ली राष्ट्रीय राष्ट्रीय

नई दिल्ली| यूजीसी नेट की परीक्षा को शिक्षा मंत्रालय ने रद्द करना का फैसला लिया है। यूजीसी-नेट की परीक्षा 18 जून को देशभर के अलग-अलग सेंटर पर आयोजित की गई थी। यह परीक्षा ओएमआर शीट पर आयोजित की गई थी, लेकिन अब इसे रद्द करने का फैसला लिया गया है। इस बाबत प्रेस रिलीज में कहा गया है कि 18 जून को देशभर में अलग-अलग सेंटर पर अलग-अलग शिफ्ट में परीक्षा का आयोजन ओएमआर शीट के जरिए किया गया था।

साइबर क्राइम से मिला इनपुट

19 जून को यूजीसी को गृह मंत्रालय की साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर की नेशनल साइबर क्राइम थ्रेट अनालिटिक्स यूनिट की ओर से इनपुट मिला है कि प्रथम दृष्टया ऐसा लगता है कि परीक्षा के साथ समझौता हो सकता है।

परीक्षा की विश्वसनीयता के लिए रद्द किया गया

ऐसे में उच्च स्तरीय पारदर्शिता को बरकरार रखने के लिए और परीक्षा की प्रक्रिया की पवित्रता को बनाए रखने के लिए देश के शिक्षा मंत्रालय ने जून माह में यूजीसी नेट परीक्षा को रद्द करने का फैसला लिया है। अब फिर से यूजीसी-नेट की परीक्षा का आयोजन किया जाएगा, जिसकी जानकारी जल्द साझा की जाएगी। साथ ही इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी गई है।

नीट को लेकर क्या शिक्षा मंत्रालय ने

वहीं यूजी नीट की परीक्षा में गड़बड़ी को लेकर शिक्षा मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि इस मामले में ग्रेस अंक का मसला पूरी तरह से हल कर लिया गया है। जहां तक पटना के सेंटर में हुई गड़बड़ी की बात है तो इस बारे में बिहार पुलिस की इकोनॉमिक ऑफेंसेज यूनिट से विस्तृत रिपोर्ट तलब की गई है। रिपोर्ट मिलने के बाद सरकार इस में आगे की कार्रवाई करेगी

नीट परीक्षा में गड़बड़ी

बता दें कि एनटीए पर लगातार सवाल खड़े हो रहे हैं। पहली नीट परीक्षा को लेकर एनटीए सवालों के घेरे में थी और अब यूजीसी नेट परीक्षा को भी रद्द कर दिया गया है। बड़ी संख्या में छात्र नीट की परीक्षा को रद्द करके इसे फिर से कराने की मांग कर रहे हैं। लेकिन सरकार फिलहाल इसके लिए तैयार नजर नहीं आ रही है।

Leave a Reply