नई दिल्ली/भोपाल/श्रीनगर| देश के 18 राज्यों में गुरुवार को कोहरे का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक एमपी में अगले 3 दिन कड़ाके की ठंड पड़ेगी। बुधवार को लाहौल-स्पीति का ताबो गांव सबसे ठंडा रहा था, यहां तापमान -16.7ºC रहा। कश्मीर घाटी में भी गुरुवार को बर्फबारी हुई। डोडा में वाटरफॉल जम गया। इस साल जनवरी में यूपी, एमपी, राजस्थान, बिहार और गुजरात के कुछ हिस्सों को छोड़कर बचे हुए क्षेत्र में मिनिमम टेम्परेचर सामान्य से ज्यादा रहेगा। हालांकि उत्तर भारत के राज्यों में शीतलहर चलती रहेगी। उधर गुजरा हुआ साल 2024 सबसे गर्म रहा। मौसम विभाग ने बताया कि 1901 के बाद 2024 देश में अब तक का सबसे गर्म साल रहा है। साल के आखिरी तीन महीने (अक्टूबर-दिसंबर) में अब तक सबसे ज्यादा गर्मी रिकॉर्ड की गई थी। अक्टूबर 2024 का महीना 123 साल में सबसे गर्म महीना था। 1901 से ही मौसम विभाग ने तापमान का रिकॉर्ड दर्ज करना शुरू किया था। 1991 से 2020 की अवधि के दौरान 2016 में औसत तापमान में 0.54 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गई थी। 2024 में इसमें 0.65 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई। यानी 2016 और 2024 के तापमान में 0.11 डिग्री का अंतर दर्ज किया गया।
महाकुंभ के दौरान प्रयागराज में ठंड बढ़ेगी, जनवरी में बारिश की भी संभावना
महाकुंभ (13 जनवरी-26 फरवरी) के दौरान प्रयागराज में मौसम की स्थिति के बारे में पूछे जाने पर आईएमडी के महानिदेशक डॉ. मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि हालांकि इस अवधि के दौरान रात में मिनिमम टेम्परेचर सामान्य से कम रहेगा। यानी ठंड बढ़ जाएगी। मौसम विभाग के मुताबिक पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू और कश्मीर और लद्दाख वाले उत्तर भारत में जनवरी में बारिश सामान्य से अधिक रहने की संभावना है।
2.11 करोड़ पर्यटक 2024 में जम्मू-कश्मीर पहुंचे
लद्दाख में 2023 में 5.25 लाख पर्यटक पहुंचे थे। 2024 में यह आंकड़ा घटकर 3.75 लाख रह गया। लद्दाख पर्यटन विभाग के मुताबिक जम्मू-कश्मीर में 2023 में 2.10 करोड़ पर्यटक आए थे। 2024 में संख्या बढ़कर 2.11 करोड़ हो चुकी है।
3 जनवरी: 5 राज्यों में शीतलहर
असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, अरुणाचल प्रदेश में ग्राउंड फ्रॉस्ट कंडीशन
तमिलनाडु और पुडुचेरी में बारिश हो सकती है। यहां 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की भी उम्मीद है।
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, चंडीगढ़ और उत्तर प्रदेश में शीतलहर चलेगी ।
2024 इतिहास में सबसे गर्म, औसत पारा सामान्य से 0.65 डिग्री ज्यादा
साल 2024 इतिहास का सबसे गर्म वर्ष रहा। इससे पहले साल 2017 सबसे गर्म साल था। 2024 में देश का औसत वार्षिक तापमान 25.75 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ जो सामान्य (25.10 डिग्री) से 0.65 डिग्री सेल्सियस अधिक है। IMD के अनुसार, 2024 में जुलाई, अगस्त, सितंबर, अक्टूबर में लगातार चार महीने रात का तापमान इतिहास में सबसे ज्यादा दर्ज हुआ जबकि फरवरी दूसरा सबसे गर्म महीना रहा था, इस वजह से 2024 के लिए रात का वार्षिक तापमान सर्वाधिक दर्ज हुआ। साल के दौरान दिन का तापमान भी चौथा सबसे गर्म दर्ज हुआ, नतीजतन दिनभर का औसत सालाना तापमान इतिहास में सबसे ज्यादा दर्ज हुआ। IMD के महानिदेशक डॉ. मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि 1901 से 2024 के औसत वार्षिक तापमान में लगातार बढ़ोतरी हो रही है, बीते डेढ़ दशक में इसमें बहुत तेजी आई है।
ला-नीना परिस्थितियां बनीं, लेकिन तीन महीने में होंगी खत्म
आखिरकार ला-नीना परिस्थितियां बन गई हैं, लेकिन यह इतना कमजोर है कि 3 महीने में ही इसके खत्म होने के आसार हैं। आईएमडी के मुताबिक मौजूदा सर्दी के मौसम पर इसका खास असर नहीं होगा। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, यूपी, राजस्थान, बिहार, छत्तीसगढ़ में कोल्ड वेव डे सामान्य से एक से दो दिन कम रहेंगे। गुजरात व उससे सटे राज्यों में कोल्ड वेव दिनों की संख्या अधिक रह सकती है।


